BY: NEERU SHEKHAWAT 319 | 0 | 4 years ago
6th क्लास में फेल होने के बाद ली कसम और पहली बार में किया यूपीएससी टॉप, आईएस ऑफिसर बन कर दी लोगों को मिसाल...
अक्सर कुछ स्टूडेंट ऐसे होते हैं जो फेल होने के बाद निराश हो जाते हैं लेकिन कुछ ऐसे भी होते हैं जो अपनी हार से सीखते हैं और कामयाबी की राह तक पहुंच जाते हैं। इसका उदाहरण यूपीएससी एक्जाम टॉपर रुक्मणि रियार भी है। इन्होंने टाटा इंस्टीट्यूट ऑफ सोशल साइंस से मास्टर डिग्री प्राप्त की और बाद में यूपीएससी एग्जाम की तैयारी में लग गई और पहले अटेम्प्ट में टॉपर लिस्ट में सेकंड रैंक हासिल की। आपको बता दें कि उन्होंने किसी प्रकार की कोचिंग क्लासेस जॉइन नहीं की घर पर रहकर ही यूपीएससी की तैयारी की।
स्कूल में फेल होने के बाद तनाव में चली गई
इनके पिता का नाम है होशियारपुर बलजिंदर सिंह रुक्मणी को छोटी उम्र में बोर्डिंग स्कूल भेज दिया गया था रुकमणी बोर्डिंग स्कूल का दबाव झेल नहीं पाई और सिक्स क्लास में फेल हो गई जिसके बाद वह तनाव में चली गई इसी तनाव के चलते वह अपने परिवार और टीचर से दूर दूर रहने लगी।
वह बहुत दिनों तक यह दूसरों से अलग रहने लगी इन्होंने वापस अपने आपको समझाया की एक बार फिर से मैंने की जाए और असफलता को मुंहतोड़ जवाब दिया जाए इसके बाद उन्होंने आगे की पढ़ाई टाटा इंस्टीट्यूट ऑफ सोशल साइंस में एडमिशन लिया वहां से मास्टर्स की डिग्री हासिल की इसी बीच कई एनजीओ में भी काम का अनुभव हो चुका था मास्टर की डिग्री लेने के बाद इन्होंने यूपीएससी सिविल सर्विस एग्जाम की तैयारी शुरू कर दी उन्होंने पहले अटेम्प्ट में ही 2011 में यूपीएससी सिविल सर्विसेज एग्जाम में ऑल इंडिया में सेकंड रैंक हासिल की।